17/03/2026
।। राधास्वामी । राधास्वामी दयाल की दया। राधास्वामी सहाय। राधास्वामी ।।
आज दिनोद आश्रम ने एक ऐसी विरले , महान और समर्पित सेवादार को खो दिया है, जिन्होंने लगभग 54 वर्षों तक अपना तन, मन, धन और सर्वस्व गुरु सेवा में अर्पित कर दिया। उनकी सेवा अद्वितीय, अनुपम और प्रेरणादायी थी—ऐसी निष्काम सेवा विरले ही देखने को मिलती है। उन्हें तीन-तीन पूर्ण संतों—परम पूज्य दादा गुरु अरमान साहेब जी, बड़े महाराज जी और हुजूर महाराज जी—की निज सेवा का दिव्य सौभाग्य प्राप्त हुआ, और उन्होंने ऐसी अमिट सेवा कि मिसाल स्थापित की है जो सदैव संगत का मार्गदर्शन करती रहेगी।
मात्र 12 वर्ष की आयु में आश्रम आकर उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन सतगुरु और संगत की सेवा में समर्पित कर दिया। यह कहना अतिशयोक्ति नहीं होगी कि वे सतगुरु की छाया बनकर रहे—हर श्वास, हर पल सेवा और प्रेम में डूबा हुआ।
ऐसी पावन, समर्पित और महान आत्मा का प्रभु चरणों में समा जाना समस्त संगत और मानवता के लिए अत्यंत बड़ी क्षति है, जिसकी कमी सदैव महसूस की जाती रहेगी।
हम सभी राधा स्वामी दयाल से विनम्र प्रार्थना करते हैं कि वे शोकाकुल परिवार और समस्त संगत को इस असहनीय दुःख को सहने की शक्ति प्रदान करें।
राधा स्वामी दयाल मौज़ और दया बख्शे ।