18/06/2026
AI-निर्देशित रोबोट ने लगभग पूर्ण सटीकता के साथ सर्जरी की, वह भी बिना किसी मानव हस्तक्षेप के।
स्वायत्त (Autonomous) सर्जिकल प्रणालियों की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए, जॉन्स हॉपकिन्स विश्वविद्यालय (Johns Hopkins University) के शोधकर्ताओं ने एक एआई-नियंत्रित रोबोट को मृत सूअर पर पित्ताशय (Gall Bladder) निकालने की सर्जरी लगभग पूरी तरह स्वायत्त रूप से करने में सफलतापूर्वक प्रशिक्षित किया है।
दो-स्तरीय (Dual-layer) एआई मॉडल को मानव सर्जरी के 17 घंटे के वीडियो फुटेज पर प्रशिक्षित किया गया। यह मॉडल वीडियो से मिली जानकारी को पहले मौखिक निर्देशों में बदलता था, जैसे – “दूसरी नलिका (duct) पर क्लिप लगाओ”, और फिर उन निर्देशों को सटीक उपकरणीय गतिविधियों (tool movements) में परिवर्तित करता था।
रोबोट ने आठ अलग-अलग प्रक्रियाओं में सर्जरी के सभी 17 कार्यों को 100% सफलता के साथ पूरा किया। इस दौरान उसने वास्तविक समय (real-time) में अपनी गलतियों को पहचानकर स्वयं सुधारने की क्षमता भी दिखाई और केवल सीमित मानवीय हस्तक्षेप की आवश्यकता पड़ी।
हालाँकि जीवित मनुष्यों पर पूरी तरह स्वायत्त सर्जरी अभी कई वर्ष दूर है, लेकिन यह उपलब्धि सर्जिकल रोबोटिक्स के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण प्रगति मानी जा रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यद्यपि रोबोट को कभी-कभी उपकरण बदलने पड़े या छूटे हुए पकड़ (grabs) को सुधारना पड़ा, फिर भी अपनी गलतियों को पहचानने और स्वयं ठीक करने की उसकी क्षमता एआई-सहायता प्राप्त सर्जरी की बढ़ती विश्वसनीयता को दर्शाती है।
मानवों पर इसके उपयोग से पहले नियामक संस्थाओं (Regulators) की महत्वपूर्ण भूमिका रहने की संभावना है। शोधकर्ताओं की अगली योजना इस तकनीक का परीक्षण जीवित पशुओं पर करने की है।
दीर्घकालिक लक्ष्य -अधिक सुरक्षित, अधिक सटीक सर्जरी विकसित करना, जिससे जटिलताओं (complications) की दर कम हो और सर्जिकल टीमों पर कार्यभार भी घटे|
SRT-H: A Hierarchical Framework for Autonomous Surgery via Language-Conditioned Imitation Learning
लेखक: Ji Woong (Brian) Kim
प्रकाशन: Science Robotics, खंड 10(4) ।