15/10/2026
मात्र एक यात्रा, अनेक सीख… और जीवनभर की प्रेरणा!
सुनिए कक्षा 8 की मेधावी छात्रा कु. राहिन्या गुल्हाने का अनुभव!
*सेंट विंसेंट पलोटी स्कूल, नागपुर की मेधावी छात्रा कु. राहिन्या गुल्हाने* ने आज अपने विद्यालय के 228 विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के साथ गोविज्ञान अनुसंधान केंद्र, देवलापार का शैक्षणिक भ्रमण किया।
इस भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने गो-आधारित अनुसंधान, गोसेवा, गो-संगोपन, गोवंश संवर्धन तथा भारतीय गोवंश की वैज्ञानिक उपयोगिता के विभिन्न पहलुओं को प्रत्यक्ष रूप से देखा और समझा।
लेकिन एक स्थान का एक दिन का भ्रमण किसी विद्यार्थी की सोच को कितना बदल सकता है?
किसी विषय को केवल पुस्तकों में पढ़ना और उसे प्रत्यक्ष देखकर, समझकर अनुभव करना—इन दोनों में बहुत अंतर है!
*कु. राहिन्या* अपने अनुभवों को जिस सहजता और उत्साह के साथ साझा कर रही हैं, उसे सुनकर आप भी आश्चर्यचकित होंगे और अनुभवात्मक शिक्षा के महत्त्व को समझेंगे।
गोविज्ञान अनुसंधान केंद्र का उद्देश्य केवल जानकारी देना नहीं, बल्कि नई पीढ़ी में जिज्ञासा जगाना, वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करना और भारतीय ज्ञान-परंपरा के प्रति समझ एवं संवेदनशीलता उत्पन्न करना है।
इसी उद्देश्य से केंद्र द्वारा नियमित रूप से विद्यार्थियों के लिए शैक्षणिक भ्रमण आयोजित किए जाते हैं, ताकि वे प्रत्यक्ष अनुभव के माध्यम से गोसेवा, अनुसंधान, पर्यावरण संरक्षण और ग्रामीण विकास के विभिन्न आयामों को समझ सकें।
क्योंकि कभी-कभी एक दिन का अनुभव, जीवनभर की सोच और दिशा बदलने की क्षमता रखता है!
गोविज्ञान अनुसंधान केंद्र, देवलापार.
देखें!! समझें !!अनुभव करें !! और प्रेरित हों!!